नई दिल्ली। आर्थिक सर्वेक्षण वित्त मंत्रालय द्वारा तैयार की जाने वाली एक वार्षिक रिपोर्ट होती है, जिसे आम बजट से ठीक पहले संसद में पेश किया जाता है। इस रिपोर्ट में देश की अर्थव्यवस्था की मौजूदा स्थिति और बीते वर्ष के आर्थिक प्रदर्शन का विस्तृत ब्यौरा दिया जाता है।
आर्थिक सर्वेक्षण में जीडीपी वृद्धि दर, महंगाई, रोजगार, उद्योग, कृषि, निर्यात-आयात सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़े शामिल होते हैं। साथ ही इसमें सरकार की नीतियों के प्रभाव और भविष्य की संभावनाओं का भी विश्लेषण किया जाता है।
इन आंकड़ों और आकलन के आधार पर सरकार बजट की प्राथमिकताएं तय करती है और योजनाओं का रोडमैप तैयार करती है। यही कारण है कि आर्थिक सर्वेक्षण को बजट की नींव माना जाता है।








