केंद्र सरकार ने आम बजट 2026 में अमेरिकी टैरिफ (शुल्क) के प्रभाव को कम करने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव किए हैं। अमेरिकी टैरिफ के कारण संकट झेल रही विशेष आर्थिक क्षेत्र (SEZ) इकाइयों को राहत देने के उद्देश्य से उन्हें घरेलू बाजार (DTA) में रियायती दरों पर माल बेचने की अनुमति देने का विशेष प्रस्ताव रखा गया है।
इसके साथ ही टेक्सटाइल सेक्टर को मजबूत करने के लिए ‘नेशनल फाइबर योजना’ की घोषणा की गई है। सरकार ने कंटेनर उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए 10,000 करोड़ रुपये की विशेष ‘कंटेनर उत्पादन योजना’ भी शुरू करने का ऐलान किया है।
सरकार का कहना है कि इन कदमों से निर्यात आधारित उद्योगों को मजबूती मिलेगी, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और भारतीय उद्योगों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता बढ़ेगी।












