मथुरा के बेलवन स्थित एक प्राचीन मंदिर में माता महालक्ष्मी तप मुद्रा में विराजमान हैं। यहां भगवान श्रीकृष्ण उनके बेटे के रूप में स्थापित हैं। मान्यता है कि माता लक्ष्मी ब्रज में श्रीकृष्ण की रासलीला देखने के बाद नाराज होकर वृंदावन की ओर मुख करके तपस्या करने बैठ गई थीं।
कथा के अनुसार, तपस्या के दौरान माता लक्ष्मी ने स्वयं श्रीकृष्ण के लिए खिचड़ी बनाई और उन्हें खिलाई। इसके बाद श्रीकृष्ण ने उन्हें ब्रज में रहने की अनुमति दी।
इस मंदिर में पौष माह के दौरान हर गुरुवार खिचड़ी महोत्सव का आयोजन किया जाता है। दूर-दूर से श्रद्धालु अपनी सामग्री लेकर यहां आते हैं, चूल्हे पर खिचड़ी पकाते हैं और प्रसाद के रूप में बांटकर ग्रहण करते हैं।








