वृंदावन, मथुरा | Liberal Media
वसंत पंचमी के पावन अवसर पर मथुरा-वृंदावन स्थित प्रसिद्ध शाहजी मंदिर में दो दिन के लिए वसंती कमरा भक्तों के दर्शनार्थ खोल दिया गया। बेशकीमती झाड़-फानूसों, रंग-बिरंगी रोशनी और लखनवी नवाबी शान से सजे वसंती कमरे में स्वर्ण सिंहासन पर विराजमान ठाकुर श्री राधारमणलाल जू के दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे।
वसंती कमरे की भव्यता देखते ही बनती है। विशाल गोलाकार दीवारें, रोमन व इटेलियन शैली की झलक, ऊंचे-टेढ़े संगमरमरी खंभे और चारों ओर झिलमिलाती रोशनी श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर देती है। साल में मात्र दो बार—वसंत पंचमी और सावन माह की त्रयोदशी (रक्षाबंधन)—खुलने वाले इस वसंती कमरे के दर्शन के लिए देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु वृंदावन पहुंचते हैं।
बसंत ऋतु के आगमन के साथ ही ब्रज में आस्था और उल्लास अपने चरम पर होता है। वसंती कमरे में प्रवेश करते ही पीली आभा और प्रकाश ऋतुराज बसंत के स्वागत का संदेश देता है। मंदिर के बाहर की गई आकर्षक विद्युत सजावट भी श्रद्धालुओं को स्वतः आकर्षित करती है।








