बांदा। जनपद बांदा की अदालत ने 6 वर्षीय मासूम बच्ची से दुष्कर्म और बर्बरता के मामले में दोषी युवक को फांसी की सज़ा सुनाई है। न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि दोषी को तब तक फांसी पर लटकाया जाए, जब तक उसकी सांसें न टूट जाएं।
यह जघन्य घटना नरैनी तहसील के कालिंजर थाना क्षेत्र के एक गांव की है, जो विगत वर्ष सामने आई थी। मामले में त्वरित सुनवाई करते हुए न्यायालय ने मात्र 56 दिनों में मृत्युदंड का फैसला सुनाया।
अदालत में प्रस्तुत साक्ष्यों के अनुसार मासूम के शरीर पर 18 गंभीर चोटें पाई गई थीं। बच्ची के साथ की गई हैवानियत ने मानवता को शर्मसार कर दिया था। पीड़िता का अब तक चार बार ऑपरेशन हो चुका है।
एडवोकेट कमल सिंह गौतम
एडवोकेट कमल सिंह गौतम ने फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि यह निर्णय समाज में कड़ा संदेश देगा और ऐसे अपराधों पर रोक लगाने में अहम साबित होगा।








